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28.1.08

यसवंत भैया का मूड हुआ आफ, चले भड़ास की भौजी ढूंढने

यसवंत जी का मूड आफ होने का तीन ठो रीजन हैं, हम हियां पहिला और दूसरका रीजन छोड़कर सीधे तीसरके रीजनवा पर आता हूं। आपको सब रीजन जानने का ज्यादा खुजली हो रहा है तो आप ऊ पोस्टवे पढ लिजीये। कौन रोकता है?

उनके लाख चाहने के बाद भी लड़कियां और औरतें
उनके सपने में आने से खुद को नहीं रोक पा रही हैं।
और तो और उनको अपने परिचय में
खुद को भड़ास का भौजी भी बता रही हैं।
अब बताईये, ई कौन बात हुआ जो हमसे शरमा रही हैं??
(अरे वाह ये तो कविता बनता जा रहा है। चलिये कविता ना सही, छनिका ही सही।:D)

बेचारे की नींद हराम हो गई है ये सुन कर की वो एक बिलौगर भी हैं। उन्होंने तो खैर हमसे वादा किया था की नाम बताऊंगा लेकिन होली से ठीक पहले।

अब आज-कल लोगों की यादाश्त अक्सर आदमी को दगा दे जाती है। सो अगर यसवंत भैया भूल गये होंगे तो हम उनको याद दिलाईये देते हैं।

क्या यसवंत भैया!! देखिये फगुनवा भी पास आ गया है। दिवाली से लेकर होली, सब हमने एक कर रखा है। इतने दिनों से हमरे पेट में आपके भड़ासी भौजी को लेकर अपच हो गया है। अब तो बता दीजीये भैया की ये भड़ासी भौजी कौन है?? तनिक बदहजमी ठीक हो। अब भैया सब कुछ आपके उपर ही है। आपने ही सपना देखा सो अब आपकी ही जिम्मेदारी।

ज्यादा डिटेल स्टडी करने के लिये इस लिंक पर जाईये। और आप भी इंतजार किजीये हमारी तरह। भड़ासी भौजी का!!!!!

आज जय भड़ास नहीं..
जय भड़ास की भौजी.. ;)

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