Bhadas ब्लाग में पुराना कहा-सुना-लिखा कुछ खोजें.......................

Loading...

: जय भड़ास : दुनिया के सबसे बड़े हिंदी ब्लाग में आपका स्वागत है : 888 सदस्यों वाले इस कम्युनिटी ब्लाग पर प्रकाशित किसी रचना के लिए उसका लेखक स्वयं जिम्मेदार होगा : आप भी सदस्यता चाहते हैं तो मोबाइल नंबर, पता और प्रोफाइल yashwantdelhi@gmail.com पर मेल करें : जय भड़ास :

16.1.10

शशि सागर की ग़ज़ल

रिश्तों को रास्ते दिखाए जाएँ
नियम निभाने के सिखाये जाएँ

धुंध रास्ते में हो रही है बहुत
कुछ शम्में अब जलाए जाएँ

रो रहा है नुनु जो नेमंचुस को
वो बच्चे कैसे फुसलाये जाएँ

भ्रष्ट सारे पीलर हैं बहुत दूर तक
धीरे-धीरे ही सही नीव हिलाए जाएँ

बाल नांक का दम न कर दे नांक में
कभी-कभी दायरे भी बताये जाएँ

आपका शुभेक्षु
शशि सागर

2 comments:

mimansak said...

kya bhai desh ko badal k hi rahiyega.

Sadhak Ummedsingh Baid "Saadhak " said...

कोरे उपदेश से क्या होगा बन्धु,
समझ पाने का रास्ता भी बताया जाय.