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16.4.17

दैनिक जागरण पर आइडिया चोरी करने का मुकदमा






125 करोड़ कहाँ है हम और कहाँ स्टैंड है हमारा?

पिछले 2 साल से ज्यादा वक्त से सुन रहा हूँ, हमारे देश की जनसख्या सवा सौ करोड़ है | सब जानते भी है कौन कहता है ‘मेरे देश के सवा सौ करोड़ देश वासियों’ लेकिन मै किसी व्यक्ति विशेष पर  न कभी कोई टिप्पणी करता हूँ न आज करूँगा और खुद पर विशवास है कि कभी करूँगा भी नहीं  | हाँ बात यहाँ  125 करोड़ देश वासियों की है | लेकिन क्या आपको सही मायने में लगता है कि मेरे देश भारत की जनसंख्या 125 करोड़ है | शायद प्रश्न सा जहन में बन जाए ? क्यूंकि जब जमीनी हकीकत को देखता हूँ तो विश्वास तो दूर . दूर – दूर तक इस संख्या पर यकीं नहीं होता |

11.4.17

कथित पत्रकारों पर दस लाख की रंगदारी मांगने का आरोप



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रिपोर्टर नासिर बेलिम सम्मानित

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9.4.17

लोहिया का दिमाग और विचारधारा है मोदी की काट

भाजपा के आम चुनाव के बाद अब उत्तर प्रदेश में प्रचंड बहुमत के साथ सरकार बनाने के बाद विपक्ष को सूझ नहीं रहा कि अब क्या किया जाए। राजद प्रमुख लालू प्रसाद, मुलायम सिंह यादव व मायावती समेत पूरे विपक्ष को एक साथ आने की बात कर रहे हैं तो जदयू ने नीतीश कुमार का नाम प्रधानमंत्री पद के रूप में आगे बढ़ा दिया है। कांग्रेस अभी इसे जल्दबाजी बता रही है तो सपा इस मामले पर अभी चुप है। ममता बनर्जी पहले ही भाजपा के खिलाफ सभी दलों के लामबंद होने की बात कर चुकी हैं। वामपंथी भी महागठबंधन की बनाने के पक्षधर हैं। वह बात दूसरी है कि हर आम चुनाव में यह खिचड़ी पकती है पर ये दल एक नहीं हो पाते। एक हों भी कैसे कई नेता प्रधानमंत्री पद की जो लालसा पाले बैठे हैं। आज के हालात में विपक्ष को एकजुट होने के बजाय जनहित के मुद्दों को लेकर संघर्ष करने की जरूरत है। विशेषकर समाजवादियों को मंथन करना चाहिए कि उनके पीछे चलने वाले संघियों ने आखिरकार उन्हें कैसे पीछे छोड़ दिया।

आँख के बदले आँख तो एक दिन सभी अंधे

वाह रे ! ऐसी ओछी मानसिकता वह भी आज के इस आधुनिक युग में जब दुनिया शिक्षित एवं सभ्य तथा जागरूप एवं बुद्धि जीवी का प्रमाण लिए घूम रही है। बड़े आश्चर्य एवं शर्म की बात है। जो घटना ग्रेटर नोएडा में घटी है वह अत्यंत निंदनीय है। नाईजीरियाई मूल के निवासियों को निशाना बनाया गया है। कुछ अराजक युवकों के द्वारा यह शर्मनाक कुकृत्य अंजाम दिया गया है। जो हमारी सांस्कृति के विपरीत है।

​पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष के. विक्रम राव जी के कारनामे बोलते हैं...


जालसाजी के ह्रदय सम्राट पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष आई.ऍफ़.डब्ल्यू.जे. के. विक्रम राव जी ने हाल ही में मदन गौड़ा के नाम से एक सर्कुलर जारी किया जिसमें विशाखा पट्टनम में कार्यक्रम आयोजन करने की बात प्रकाश में आया है।हम बताते चले की पूर्ब में ही मदन गौड़ा ने  कर्नाटक में हुये कार्यक्रम से दुःखी होकर इस्तीफा दे दिया था।जो हॉल ही में एन राजू ,मदन गौड़ा ने बीवी मल्लिकार्जुनैय्या आईएफडब्लूजे के राष्ट्रिय अध्यक्ष के साथ अपनी सहमति जताई।जिसका जीता जागता यह सबूत चित्र बया कर रही है।अभी हाल ही चेन्नई यूनियन आफ जर्नलिस्ट (सीयूजे) की ओर से आयोजित इंडियन फेडरेशन आफ वर्किंग जर्नलिस्ट (आईएफडब्लूजे) के 30 वां राष्ट्रीय दो दिवसीय अधिवेशन   में कर्नाटक के 60 डेलीगेट ने शिरकत भी किया।

वेब पत्रकारिता का चमकता भविष्य

सूचना और संचार क्रांति के दौर में आज प्रिंट और इलेक्ट्रानिक मीडिया के बीच वेब पत्रकारिता का चलन तेजी से बढ़ा है और अपनी पहचान बना ली है.अखबारों की तरह बेव पत्र और पत्रिकाओं का जाल, अंतरजाल पर पूरी तरह बिछ चुका है. छोटे-बड़े हर शहर से अमूमन बेव पत्रकारिता संचालित हो रही है. छोटे-बड़े सभी शहरों के प्रिंट व इलेक्ट्रानिक मीडिया भी वेब पर हैं. इस बात से अंदाजा लगाया जा सकता है कि भारत में थोड़े ही समय में इसने बड़ा मुकाम पा लिया है. हालांकि समर अभी शेष है और भविष्य उज्जवल.

क्रिकेट पर हावी ब्लैक का कारोबार...

खेल प्रेमियों को नहीं मिलती टिकट, दलाल पहले ही खरीदकर रख लेते हैं।





इंदौर : घण्टो धूप में भूखे-प्यासे धक्के खाने के बाद भी इंदौर के क्रिकेट लवर्स को IPL मैचेस की टिकट नहीं मिल रही है। लेकिन इसके पीछे की वजह खेल प्रेमियों की अधिक संख्या या टिकटों का कम होना नहीं, बल्कि टिकट पर हावी ब्लैक का कारोबार है। सस्ती टिकट पहले ही दलालों द्वारा विभिन्न माध्यमों से खरीदकर सोल्ड आउट कर दी जाती है। और फिर उन्ही टिकट्स को कई गुना दामों पर ब्लैक में बेचा जाता है।

लंदन विश्वविद्यालय के विजिटिंग रिसर्च फेलो बने जयप्रकाश मिश्र

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दुर्घटना में पति के मरने की न्यूज भी पढ़ गई यह एंकर



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भ्रष्ट आईएएस अफसरों ने ही अखिलेश सरकार के ताबूत में ठोंकी आखिरी कील

लखनऊ। एक तरफ तो प्रदेश में भ्रष्टाचार करने वालों की खैर नही का ढोल पीटा जा रहा है वही भ्रष्टाचारियों की अभी तक किसी भी तरह से चाबी पान्ना लगाया ही नही जा रहा है पिछली तीन सरकारों से मलाई काट रहे आईएएस अफसर अपने अपने जुगाड़ तलाश करने में लगे हुए है खबरें आ रहीं है कि कुछ का जुगाड़ हो गया है और कुछ अभी भी लगे हुए है उनकों भी उम्मीद है कि जुगाड़ बन ही जाएगा। अब ऐसे अफसरान योगी की स्वच्छ छवि को कलंकित करने का प्रयास बड़ी शिद्दत से कर रहे हैं।

गोरखनाथ के बारे में ओशो क्या कहते थे, पढ़िए...



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फोटो में... बाएं से.. श्री अशोक शुक्ल जी.. बीच में मनमोहन शर्मा.. और श्री अजय कुमार जी...

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आई ए एस संजय अग्रवाल का नया कारनामा...

आई ए एस संजय अग्रवाल का नया कारनामा... आचार संहिता ख़त्म होते ही बिना टेंडर के नये आर्डर जारी कर रहे है। अपने तबादलें से पहले बड़ी तादाद में आर्डर कर रहे है संजय अग्रवाल.. एक बड़े घोटाले को ऊर्जा विभाग में फिर से अंजाम दिया जा रहा है। आचार संहिता के चलते लंबित आर्डर को अदरखाने अंजाम देने में जुटे संजय अग्रवाल...

नहीं रहे व्यथित हिंदुस्तानी

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6.4.17

पहलू खां को 'गो तस्कर' किस आधार पर लिखा?

यह वह रसीद है इस पर कीमत लिखी है 76000 रूपये की दुधारू गाय कोई काटने को ले जायेगा?

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Journalist Rupesh Gupta स्वराज चैनल से जुड़े

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अमर उजाला में कार्यरत Journalist Nitin Yadav का ट्रांसफर मेरठ से रोहतक हुआ

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3.4.17

गाय की रक्षा पर बहस क्यों ?

वैदिक काल से ही भारतीय संस्कृति में गाय का विशेष महत्व है. दुख की बात है कि भारतीय संस्कृति में जिस गाय को पूजनीय कहा गया है, आज उसी गाय को भूखा-प्यासा सड़कों पर भटकने के लिए छोड़ दिया गया है. लोग अपने घरों में कुत्ते तो पाल लेते हैं, लेकिन उनके पास गाय के नाम की एक रोटी तक नहीं है. छोटे गांव-कस्बों की बात तो दूर देश की राजधानी दिल्ली में गाय को कूड़ा-कर्कट खाते हुए देखा जा सकता है. प्लास्टिक और पॊलिथीन खा लेने के कारण उनकी मृत्यु तक हो जाती है. भारतीय राजनीति में जाति, पंथ और धर्म से ऊपर होकर लोकतंत्र और पर्यावरण की भी चिंता होनी चाहिए. गाय की रक्षा, सुरक्षा बहस का मुद्दा आख़िर क्यों बनाया जा रहा है? धार्मिक ग्रंथों में गाय को पूजनीय माना गया है. श्रीकृष्ण को गाय से विशेष लगाव था. उनकी प्रतिमाओं के साथ गाय देखा जा सकती है.

Lady Teacher pledges to donate her body to the medical science.

In a thanks giving gesture to God and society,  dr Sonal  pledged to donate her body for the research and study (after her death ) at University College of Medical Sciences on 22 March 2017. In a Symposium on organ Donation and Body Donation awareness - ORGANUM DONUM- - students initiative ,  in the August presence of Principal UCMS Dr V P Gupta, CDMO east Dr R K Sehgal. Dr Seeta Lakshmi, Joint Director, NOTTO, De Vishal Chadha, Vice President, Dadhichi DehDan Samiti. , and other faculty members and students of the UCMS.

मकान देने के नाम पर जनता को लूटने वाले गिरोह के सरगना हैं भाजपा सांसद मनोज तिवारी?










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