राजस्थान पत्रिका ने आज के अंके में संडे के परिशिष्ट में हिंदी ब्लागिंग पर स्टोरी प्रकाशित की है जिसे लिखा है मशहूर हिंदी ब्लागर शैलेश भारतवासी ने। इसमें भड़ास के बारे में भी जिक्र है। यहां भड़ास के बारे में जो कुछ प्रकाशित हुए है, उसे हू ब हू दे रहा हूं ताकि बाकी भड़ासियों को भी पता चल सके....
पत्रकारों के ब्लॉग सबसे आगे
हिंदी ब्लागिंग में अभी पत्रकार ब्लागरों का प्रतिशत सबसे अधिक है। इस बात का अंदाजा यहां से लगाया जा सकता है कि हिंदी के सबसे ज्यादा पढ़े जाने वाले कम्युनिटी ब्लाग भड़ास http://bhadas.blogspot.com में 300 से अधिक कांट्रीब्यूटर हैं और अधिकाधिक पत्रकार हैं। इस ब्लाग पर हिंदी पत्रकारों की जाब छोड़ने-पकड़ने की जानकारी भी मुहैया कराई जाती है। भड़ास पर अभद्र ब्लाग का आरोप लगने पर ब्लाग प्रमुख यशवंत सिंह कहते हैं, ''हम तो खुद कहते हैं कि हम फटेहाल, परेशान, कुंठित, दमित, डरे हुए लोग हैं, जो गांव देहात से आए हैं और शहर के अजनबीपन और प्रोफेशनलिज्म में अपने अस्तित्व को तलाश रहे हैं।''
पूरी स्टोरी आप यहां क्लिक करके पढ़ सकते हैं
13.7.08
राजस्थान पत्रिका में हिंदी ब्लागिंग पर स्टोरी- ब्लॉग बोलता है
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यशवंत सिंह yashwant singh
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4.3.08
कानपुर अमर उजाला के संपादक प्रताप सोमवंशी को ख्यातिप्राप्त कुलिश अवार्ड

अमर उजाला, कानपुर के संपादक प्रताप सोमवंशी ने केसी कुलिश अंतरराष्ट्रीय मीडिया मेरिट अवार्ड जीत लिया है। ढेर सारे दावेदारों के बीच प्रताप को यह अवार्ड बुंदलेखंड में सूखे की स्थिति में मुश्किल से जीवन बसर कर रहे किसानों और भुखमरी के शिकार अति दलित ग्रामीणों की जीवन स्थिति के उपर लिखी गई उनकी शोधपरक रपटों के आधार पर दिया गया।
मीडिया हाउस राजस्थान पत्रिका की ओर से यह पुरस्कार प्रताप को 12 मार्च को नई दिल्ली में दिया जाएगा। इस मीडिया हाउस की तरफ से पहला पुरस्कार पाकिस्तान के द डॉन और हिन्दुस्तान टाइम्स को ज्वाइंटली दिया गया है। नई दिल्ली में आयोजित होने वाले 12 मार्च के पुरस्कार समारोह की अध्यक्षता लोकसभा प्रेसीडेंट सोमनाथ चटर्जी करेंगे, पुरस्कार पूर्व राष्ट्रपति एपीजे अब्दुल कलाम प्रदान करेंगे. पुरस्कार के निर्णायक मंडल में एन राम, बकुल ढोलकिया, पीयूष पांडेय, एचके दुआ और गुलाब कोठारी थे. पुरस्कार के लिए अमेरिका, कनाडा, जर्मनी, आस्ट्रेलिया और दक्षिण अफ्रीका से भी प्रविष्टियां शामिल की गई थीं.
सोमवंशी ने अपने कैरियर की शुरुआत जनसत्ता में बतौर रिपोर्टर की थी और अपनी खास तेवर की रिपोर्टिंग के कारण देश भर मे सराहे गए. इसके बाद से वे दैनिक भास्कर नोएडा संस्करण तथा अमर उजाला देहरादून संस्करण के प्रभारी रहे.
जय भड़ास
यशवंत
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यशवंत सिंह yashwant singh
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