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31.12.07

वर्ष 2008 मंगलमय हो


जीने का पूरा ''आन्नद'' ही जीवन की सम्‍पूर्ण परिपूर्णता है,जो अपने सामान्‍य क्रियाकलापों को ध्‍यानपूर्वक सम्‍पादित करके सदैव प्राप्त किया जा सकता है ।
सभी भड़सियों तथा सबसे बडे भडासी (यशवंत भाई ) को आंग्ल नव वर्ष 2008 की प्रथम सुबह पर लाखो लाख हार्दिक शुभकामनाये

शशिकान्‍त अवस्‍थी
कानपुर

1 comment:

महेंद्र मिश्रा said...

बहुत बढ़िया. नववर्ष की आपको ढेरो शुभकामना