धैर्य
लड़के को जब ऑपरेशन के बाद होश आया और उसने अपने हाथों पर बंधी पट्टी देखी तो पिता से बोला ' पापा, आपका ट्रक खराब करने के लिए , मुझे माफ़ कर दीजिए' फिर उसने बड़ी मासूमियत से पुछा ' लेकिन मेरी अंगुलियाँ वापस कब तक बढ़ जाएंगी ?' बेटे के इस प्रश्न का जवाब दिए बिना पिता घर गया और उसने आत्महत्या कर ली.
--
शुभेच्छु
प्रबल प्रताप सिंह





1 comments:
कितनी बडी बात छिपी है इस छोटी सी कहानी में।
Post a Comment