Bhadas ब्लाग में पुराना कहा-सुना-लिखा कुछ खोजें.......................

25.2.09

दिल दुखता है...


दिल दुखता है... जब अपने ही देश के लोगों से देश की बुराई सुनता हूँ।
दिल दुखता है... जब चालाक लोगों की बातों में समाज के भोले-भाले लोगों को फंसते देखता हूँ।
दिल दुखता है... जब चोरो को उपदेश देते सुनता हूँ।
दिल दुखता है... जब बच्चों का बचपन छिनते देखता हूँ
दिल दुखता है... जब राह चलती किसी लड़की को कोई सीटी मारता है या रास्ता रोकता है.
दिल दुखता है... जब कोई झूठ बोलता है और कहता है - trust me।
दिल दुखता है... जब कोई नवजात सुबह-सुबह घूरे पर पड़ा मिलता है.
दिल दुखता है... जब देखता हूँ इस देश के नेता अपने से अधिक उम्र के लोगों से पैर छुलवाते है.
दिल दुखता है... जब लालची वोटर लालची नेता को चुनते हैं और हम चद्दर तान के सोते हैं.
दिल दुखता है... जब देश आतंक में जलता है और हमारे चूल्हे की आग पर मटर पनीर पकता है.
दिल दुखता है... जब भारतीय त्योहारों पर विदेशी त्यौहार भारी पड़ते हैं.
दिल दुखता है... जब लोगों के मुंह से सुनता हूँ इस देश ने हमको क्या दिया है?
दिल दुखता है...

1 comment:

MARKANDEY RAI said...

aise kaarnaame se dil to dukhega hi ....